गुरुवार, 27 फ़रवरी 2014

जाति क्षेत्र समुदाय सम्प्रदायवाद आदि की भावना से ऊपर उठकर-

हे प्रभु ! कृपा  करो  हम  सब  पर  हो निरोग सारा संसार ।
निर्मल जल हो स्वच्छ हवा हो सबका हो सुन्दर व्यवहार ॥
सारी   धरती   अपना   आँगन  सारा  जग अपना परिवार ।
सब  धर्मों  में अपनापन  हो  सब  दिन  हों  जैसे  त्यौहार ॥
                                                     -डॉ.एस.एन.वाजपेयी   

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