बुधवार, 15 जुलाई 2026

अगस्त 2026

 

                                                        मौसम पूर्वानुमान (वैदिक) -  जुलाई 2026 

 20 से 21  जुलाई को पूर्वोत्तर भारत में बादल कम होने लगेंगे | जहाँ तहाँ सफेद रंग के  बादलों की आवाजाही लगी रहेगी |कहीं कहीं  सामान्य वर्षा होगी | आसमान प्रायः साफ रहेगा |राजस्थान महाराष्ट्र कोंकण गोवा कर्नाटक केरल तमिलनाडु आंध्रप्रदेश तेलंगाना झारखण्ड उड़ीसा त्रिपुरा पश्चिम बंगाल आदि में हुमस अधिक बढ़ेगी | इससे स्वास्थ्य संबंधी परेशानियाँ  बढ़ेंगी | रहन सहन खान पान आदि में संयम बरतना अच्छा रहेगा | इस समय वायुमंडल में विद्यमान ज्वलनशील गैसों की मात्रा काफी अधिक बढ़ जाने से बिजली संबंधी स्पार्किंग आदि से आग लगने की संभावना है |  ईंट भट्ठे या भट्ठियाँ चलाने या अन्य अग्निसंबंधी कार्य करने वाले लोगों को विशेष सावधानी से काम करने की आवश्यकता है |

      22  से 23   जुलाई को भारत के पूर्व दिशा में समुद्र का जल विशेष आंदोलित होगा |प्रशांत महासागर की ओर से तेज हवाएँ चलेंगी | जिससे दक्षिण भारत में बादलों की उपस्थिति बढ़ती चली जाएगी | ऐसी हवाओं में साँस लेने से वायु प्रकोप बढ़ेगा | मन में बेचैनी बढ़ेगी | ऐसी हवाएँ लोगों के मन में उन्माद उत्पन्न करने वाली होंगी | सहनशीलता घटती चली जाएगी | इसलिए लोग छोटी छोटी बातों में विवाद करते देखे जाएँगे | मानसिक तनाव विशेष अधिक  बढ़ जाएगा |इसलिए जिन्हें किसी बिषय को लेकर पहले से कोई तनाव है | उन्हें इन दिनों में अत्यंत संयम के साथ समय व्यतीत करना होगा | इस समय बढ़ा तनाव धीरे धीरे ही शांत होगा | 

     24 से 25 जुलाई को  तेज हवाएँ चलनी प्रारंभ होंगी | देशों प्रदेशों में भूकंप सुनामी जैसी घटनाएँ घटित हो सकती हैं | महाराष्ट्र कोंकण गोवा कर्नाटक केरल तमिलनाडु आंध्रप्रदेश तेलंगाना झारखण्ड उड़ीसा त्रिपुरा पश्चिम बंगाल आदि में तेज हवाओं के  साथ अधिक वर्षा होने की संभावना है | आँधी तूफ़ान आने के कारण जनधन का नुक्सान हो सकता है | उत्तरप्रदेश मध्यप्रदेश बिहार छत्तीसगढ़ दिल्ली जंबू कश्मीर पंजाब हरियाणा दिल्ली आदि में वायुप्रदूषण का स्तर  बढ़ जाएगा | 

     26  से 27   जुलाई को तापमान अधिक बढ़ जाएगा | अग्निसंबंधी कार्य करने वाले लोगों को विशेष सावधानी से काम करने की आवश्यकता है | दिल्ली पंजाब हरियाणा उत्तर प्रदेश बिहार आदि में वायु प्रदूषण का स्तर बढ़ जाएगा |आकाश में धीरे धीरे बादलों की आवाजाही शुरू हो जाएगी |अचानक वर्षा होने की संभावना बनती दिखाई देगी |इन दिनों में  देश के अधिकतम भूभाग में वर्षा हो सकती है |  इसके बाद वायुप्रदूषण का स्तर धीरे धीरे कम होना प्रारंभ होगा |  प्रशांत महासागर में चक्रवात जैसी घटनाओं की निर्माण प्रक्रिया प्रारंभ हो सकती है | कुछ देशों  प्रदेशों में आँधी तूफानों से जनधन का नुक्सान होने की संभावना है | 

  28   से 29   जुलाई को आकाश में घनघोर बादल छा जाएँगे | गंभीर गर्जना के साथ पूर्वोत्तर भारत के अनेकों प्रदेशों में अधिक वर्षा होगी |  उत्तर प्रदेश बिहार उत्तराखंड हिमाचलप्रदेश जंबू कश्मीर हरियाणा पंजाब आदि में वर्षा  हो सकती है |इस समय विश्व के अनेकों देशों में वर्षा और बाढ़ का रौद्र रूप दिखाई देगा !वर्षा विशेष अधिक होगी | अधिक वर्षा का वेग न सह पाने के कारण जनधन की हानि होने की संभावना है |

30से 31  जुलाई को  जंबू कश्मीर पंजाब हरियाणा  आदि में अच्छी वर्षा होने की संभावना है |सिक्किम असम अरुणाचल पश्चिम बंगाल त्रिपुरा उड़ीसा आदि में  काफी अधिक बारिश हो सकती है |  उत्तराखंड हिमाचल जंबू कश्मीर  हरियाणा पंजाब आदि में अधिक बारिश हो सकती है | उत्तर प्रदेश मध्यप्रदेश बिहार झारखंड आदि में कहीं कहीं गरज के साथ वर्षा हो सकती है | पूर्वोत्तर भारत में वर्षा का वेग बहुत अधिक होगा | कहीं कहीं बादलों के फटने की घटनाएँ घटित हो सकती हैं | बज्रपात आदि घटनाओं से अपनी सुरक्षा के प्रति सतर्कता  बरती जानी चाहिए | 

                                               मौसम पूर्वानुमान (वैदिक)- अगस्त 2026 

  1 एवं 2 अगस्त को पूर्वी उत्तर प्रदेश बिहार झारखंड छत्तीसगढ़ आदि में अधिक वर्षा होगी |उड़ीसा तेलंगाना आंधप्रदेश तमिलनाडु आदि में सामान्य वर्षा होगी |  उत्तरी उत्तर प्रदेश,उत्तराखंड हिमाचल जंबू कश्मीर  आदि में मध्यम वर्षा होगी | मध्यप्रदेश बिहार राजस्थान पंजाब आदि में संतुलित वर्षा हो सकती है |  

3 एवं 4 अगस्त को वर्षा होने की संभावना कम है | कुछ स्थानों पर सामान्य वर्षा हो  सकती है | धूप तेज होगी | इन दिनों तापमान बढ़ा रहेगा |गर्म हवाएँ चलती दिखाई देंगी | वायुमंडल प्रदूषण मुक्त होगा | | स्वास्थ्य के लिए यह समय अच्छा नहीं है | तेज धूप के कारण पेट रोग एवं ज्वर रोग से बचाव करना चाहिए | अग्नि संबंधी दुर्घटनाएँ बढ़ेंगी | पश्चिम बंगाल  सिक्किम असम अरुणाचल नागालैंड मणिपुर मिजोरम आदि में सामान्य बारिश हो सकती है | उत्तर प्रदेश मध्यप्रदेश बिहार झारखंड उड़ीसा त्रिपुरा आदि में वर्षा न होने कारण हुमश बढ़ेगी | 

 5 एवं 6अगस्त को पूर्व और उत्तर की ओर से आने वाली हवाओं की गति काफी अधिक होगी |उत्तर प्रदेश मध्यप्रदेश बिहार छत्तीस गढ़ आदि में गर्मी का स्तर अधिक बढ़ जाएगा | इससे स्वास्थ्य संबंधी परेशानियाँ  बढ़ेंगी |महाराष्ट्र कोंकण गोवा कर्नाटक केरल तमिलनाडु आंध्रप्रदेश तेलंगाना झारखण्ड उड़ीसा त्रिपुरा पश्चिम बंगाल आदि में तेज हवाओं के साथ वर्षा होने की संभावना है | कहीं कहीं भूकंप जैसी घटनाएँ घटित हो सकती हैं | लोगों में मानसिक बेचैनी बढ़ेगी | हिंसक एवं बिषैले जीव जंतुओं से भय बढ़ेगा | 

 7 एवं 8 अगस्त को प्रशांत महासागर के पूर्वोत्तरी क्षेत्र में हवाओं का रुख बदलेगा | चक्रवाती हवाएँ भूमध्य रेखा पार करते ही हिंसक हो सकती हैं | इनसे पूर्वी राजस्थान मुंबई कोंकण गोवा गुजरात महाराष्ट्र गोआ आदि क्षेत्रों में अधिक वर्षा बाढ़ के कारण जनधन का अधिक नुक्सान हो सकता है |पंजाब हरियाणा पश्चिमी उत्तर प्रदेश दिल्ली हिमाचल आदि में वायु प्रदूषण का स्तर अन्य दिनों की अपेक्षा बढ़ा रहेगा |धूप तेज होगी | इन दिनों तापमान बढ़ा रहेगा |गर्म हवाएँ चलती दिखाई देंगी | अग्नि संबंधी दुर्घटनाएँ चिंता बढ़ा सकती हैं |  

9 एवं 10 अगस्त को पूर्वोत्तर के आकाश मार्ग से बादलों का बढ़ना प्रारंभ होगा | धीरे धीरे बादलों का जमघट शुरू होकर काली घटाएँ संपूर्ण आकाश को ढक लेंगी |दिल्ली पंजाब हरियाणा उत्तर प्रदेश बिहार पश्चिम बंगाल आदि में वायु प्रदूषण का स्तर विशेष बढ़ जाएगा |  10 अगस्त को प्रातः काल 9 बजे के बाद से ही पूर्वोत्तर प्रदेशों से वर्षा होनी प्रारंभ होगी |अतिशीघ्र ही ये संपूर्ण भारत में फैलती चली जाएगी | भारत के बिहार असम  अरुणाचल ,उत्तर प्रदेश दिल्ली  आदि में अधिक वर्षा होगी  | 

 11 एवं 12  अगस्त को आकाश में बादलों की भयंकर उपस्थिति रहेगी | इस समय भारत समेत विश्व के अधिकाँश भागों में काफी अधिक वर्षा होगी | बियतनाम ताइवान जापान इंडोनेशिया अंडमान निकोबार नेपाल भूटान पूर्वीचीन म्यांमार में भयंकर बारिश होगी | भारत के पश्चिम बंगाल पूर्वी उत्तर प्रदेश बिहार असम  अरुणाचल  उत्तरा खंड हिमाचल जंबू कश्मीर हरियाणा पंजाब राजस्थान गुजरात आदि में वर्षा विशेष अधिक होगी |भारत के पूर्वी उत्तर प्रदेश बिहार असम  अरुणाचल  आदि पूर्वोत्तर प्रदेश भीषण बाढ़ से कराह उठेंगे |इन तारीखों में इतनी अधिक बारिश होगी | कुछ स्थानों पर बज्रपात होने की संभावना है  

  13 एवं 14 अगस्त को विश्व के अनेकों देशों प्रदेशों में  गंभीर गर्जना के साथ वर्षा और बाढ़ का रौद्र रूप दिखाई देगा !विशेषकर भारत के उत्तराखंड हिमाचल जंबू कश्मीर हरियाणा पंजाब आदि में वर्षा विशेष अधिक होगी |कहीं कहीं बादलों के फटने की घटनाएँ घटित हो सकती हैं | 14 अगस्तके बाद से वर्षा का वेग भी कम होना प्रारंभ हो जाएगा | मध्यम बारिश होगी | यद्यपि राजस्थान गुजरात आदि में अभी वर्षा होती रहेगी  | 

15 से 16  अगस्त को |पूर्वोत्तर भारत में बादल कम होने लगेंगे | जहाँ तहाँ सफेद रंग के  बादलों की आवाजाही लगी रहेगी |कहीं कहीं  सामान्य वर्षा होगी | आसमान प्रायः साफ रहेगा |उत्तर प्रदेश मध्यप्रदेश बिहार छत्तीस गढ़ दिल्ली आदि में धूप होगी | गर्म वाएँ चलने लगेंगी |सिक्किम असम अरुणाचल पश्चिम बंगाल जंबू कश्मीर पंजाब हरियाणा राजस्थान गुजरात आदि में मध्यम वर्षा होने की संभावना है |  यह वर्षा कृषि कार्यों के लिए हितकारी होगी | 

    17 से 18 अगस्त को  महाराष्ट्र कोंकण गोवा कर्नाटक केरल तमिलनाडु आंध्रप्रदेश तेलंगाना झारखण्ड उड़ीसा त्रिपुरा पश्चिम बंगाल आदि में हुमस अधिक बढ़ेगी | उत्तर प्रदेश मध्यप्रदेश बिहार छत्तीस गढ़ आदि में गर्मी का स्तर काफी अधिक बढ़ जाएगा | इससे स्वास्थ्य संबंधी परेशानियाँ  बढ़ेंगी | रहन सहन खान पान आदि में संयम बरतना अच्छा रहेगा | इस समय वायुमंडल में विद्यमान ज्वलनशील गैसों की मात्रा काफी अधिक बढ़ जाएगी | जिससे बिजली संबंधी स्पार्किंग आदि से आग लगने की संभावना है |  ईंट भट्ठे या भट्ठियाँ चलाने या अन्य अग्निसंबंधी कार्य करने वाले लोगों को विशेष सावधानी से काम करने की आवश्यकता है |

      19 से 20  अगस्त को भारत के पूर्व दिशा में समुद्र का जल विशेष आंदोलित होगा |प्रशांत महासागर की ओर से तेज हवाएँ चलेंगी | लोगों के मन में उन्माद उत्पन्न करने वाली होंगी | ऐसी हवाओं में साँस लेने से वायु प्रकोप बढ़ेगा | मन में बेचैनी बढ़ेगी | सहनशीलता घटती चली जाएगी | इसलिए लोग छोटी छोटी बातों में विवाद करते देखे जाएँगे | मानसिक तनाव विशेष अधिक  बढ़ जाएगा |इसलिए जिन्हें किसी बिषय को लेकर पहले से कोई तनाव है | उन्हें इन दिनों में अत्यंत संयम के साथ समय व्यतीत करना होगा फिर भी तनाव विशेष बढ़ने पर या तनाव कम बढ़े | इस उद्देश्य से  हमारे यहाँ संपर्क किया जा सकता है |इस समय बढ़ा तनाव धीरे धीरे ही शांत होगा | 

     21 से 22 अगस्त को  तेज हवाएँ चलनी प्रारंभ होंगी | देशों प्रदेशों में भूकंप सुनामी जैसी घटनाएँ घटित हो सकती हैं| महाराष्ट्र कोंकण गोवा कर्नाटक केरल तमिलनाडु आंध्रप्रदेश तेलंगाना झारखण्ड उड़ीसा त्रिपुरा पश्चिम बंगाल आदि में तेज हवाओं के  साथ अधिक वर्षा होने की संभावना है |  आँधी तूफ़ान आने के कारण जनधन का नुक्सान हो सकता है | उत्तर प्रदेश मध्यप्रदेश बिहार छत्तीस गढ़ दिल्ली आदि में तेज धूप होगी | आकाश में बादलों की मात्रा कम होगी |सिक्किम असम अरुणाचल पश्चिम बंगाल जंबू कश्मीर पंजाब हरियाणा दिल्ली आदि में वायुप्रदूषण का स्तर  बढ़ जाएगा | 

     23 से 24  अगस्त को  दिल्ली पंजाब हरियाणा उत्तर प्रदेश बिहार आदि में वायु प्रदूषण का स्तर बढ़ जाएगा |आकाश में धीरे धीरे बादलों की आवाजाही शुरू हो जाएगी |अचानक वर्षा होने की संभावना बनती दिखाई देगी | देश के अधिकतम भूभाग में सामान्य वर्षा हो सकती है |  इसके बाद वायुप्रदूषण का स्तर धीरे धीरे कम होना प्रारंभ होगा |  प्रशांत महासागर में चक्रवात जैसी घटनाओं की निर्माण प्रक्रिया प्रारंभ हो सकती है | कुछ देशो प्रदेशों में आँधी तूफानों से जनधन का नुक्सान हो सकता है  |                                                                               

  25  से 26  अगस्त को  उत्तर प्रदेश बिहार उत्तराखंड हिमाचलप्रदेश जंबू कश्मीर हरियाणा पंजाब आदि कहीं कहीं वर्षा भी हो सकती है | 26  अगस्त को आकाश में घनघोर बादल छा जाएँगे  | गंभीर गर्जना के साथ पूर्वोत्तर भारत के अनेकों प्रदेशों में अधिक वर्षा होगी | इस समय विश्व के अनेकों देशों में वर्षा और बाढ़ का रौद्र रूप दिखाई देगा !वर्षा विशेष अधिक होगी | अधिक वर्षा का वेग न सह पाने के कारण जनधन की हानि होने की संभावना है | 

     27  से 28  अगस्त को जंबू कश्मीर पंजाब हरियाणा  आदि में अच्छी वर्षा होने की संभावना है | पूर्वोत्तर भारत में वर्षा का वेग बहुत अधिक होगा | कहीं कहीं बादलों के फटने की घटनाएँ घटित हो सकती हैं | बज्रपात आदि घटनाओं से अपनी सुरक्षा के प्रति सतर्कता  बरती जानी चाहिए | चक्रवात जैसी घटनाएँ घटित होने की संभावना है | सिक्किम असम अरुणाचल पश्चिम बंगाल आदि में मध्यम बारिश हो सकती है | उत्तर प्रदेश मध्यप्रदेश बिहार झारखंड उड़ीसा त्रिपुरा आदि में कृषि के लिए हितकर बारिश होगी | इस समय वायु प्रदूषण का स्तर घटना प्रारंभ हो जाएगा | 

  29  से 30  अगस्त को सिक्किम असम अरुणाचल पश्चिम बंगाल त्रिपुरा उड़ीसा आदि में  अधिक बारिश हो सकती है |  उत्तराखंड हिमाचल जंबू कश्मीर  हरियाणा पंजाब आदि में मध्यम बारिश हो सकती है | उत्तर प्रदेश मध्यप्रदेश बिहार झार खंड आदि में गरज के साथ कहीं कहीं वर्षा हो सकती है | यहाँ से वर्षा का वेग धीरे धीरे कम होना प्रारंभ होगा | वायुप्रदूषण मुक्त आकाश होगा | राजस्थान गुजरात महाराष्ट्र गोआ आदि में में उमेश भरी गर्म हवाएँ चलेंगी |    31 अगस्त को  वायुमंडल प्रदूषण मुक्त होगा | इसलिये तेज धूप होगी | गर्म हवाएँ चलती दिखाई देंगी |इस दिन वर्षा होने की संभावना बहुत कम है | स्वास्थ्य के लिए यह समय अच्छा नहीं है | तेज धूप के कारण पेट रोग एवं ज्वर रोग से बचाव करना चाहिए | अग्नि संबंधी दुर्घटनाएँ बढ़ेंगी | पश्चिम बंगाल  सिक्किम असम अरुणाचल नागालैंड मणिपुर मिजोरम आदि में सामान्य बारिश हो सकती है | उत्तर प्रदेश मध्यप्रदेश बिहार झारखंड उड़ीसा त्रिपुरा आदि में वर्षा न होने कारण हुमश बढ़ेगी | 

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